ईश्वर की पहचान

hindu temple, temple, religion, building, tourism, landscape, atlanta, georgia, hindu temple, hindu temple, hindu temple, hindu temple, hindu temple, atlanta, atlanta, atlanta, atlanta

ईश्वर की पहचान

यूँ चला हत्याओं का दौर कुछ—
ज़िन्दगी घबराने लगी;
धर्म, जाति, कुल, वंश—
सबमें मृत्यु नज़र आने लगी।
मनुष्य, मनुष्यता का
कत्ल कर के
वीर कहलाने लगा;
इंसान को इंसान में
दैत्य नज़र आने लगा।

मेरी आत्मा …

मोती

pearl, chaplet, beads, white, mother of pearl, vintage, old, antiques, decoration, pearl, pearl, pearl, pearl, pearl, beads, beads

मोती

(Revised & Polished Version – Navneet Kumar, August 1987)

1.
बिखरे शब्दों के मोती—
पास यदि तुम मेरे होती,
माला पिरोती।
मैं चुन–चुन कर देता मोती
मेरे शब्दों के उर में,
जलती प्रेम की ज्योति।

2.
मोती संजोए जाते,…

Aam Nahin Hai Yeh Rishta Hamara Page 1

आम नहीं है यह रिश्ता हमारा

पृष्ठ- 1

आम नहीं हा यह रिश्ता हमारा ।

मैंने कहा जानती हो तुम भी तो,
कि आम नहीं है यह रिश्ता हमारा, खास है।
बाहों में है प्रिया मेरी, दिल उसका मेरे पास

Hari Shawl Odhe

हरी शॉल ओढ़े

पृष्ठ- 1
"मेरे लिए तो ज़िन्दगी उसी दिन ठहर गई थी
तुम मुझे छोड़ के जिस दिन, जिस पहर गई थी।
अब भी याद आती हो वही हरी शॉल ओढ़े
देख कर मुझे दूर से मुस्कुराती हो

Grihasth Ashram Page 1

गृहस्थ आश्रम

पृष्ठ 1/20


अध्याय 1 - बीवी को पत्र

तुम जब से गई हो मायके मेरी प्रेरणा भी चली गई है,
मुझसे तो मेरी कविता, रूठ ही गई है।

बैठा रहता हूँ दिन भर, सोचता रहता हूँ।
एकांत में

Allergy Test Page 1

पृष्ठ 1/3

मुझसे बोली मेरी बीवी
सुनो कहता है डॉक्टर,
कि मुझको है एलर्जी

 

मैं चौंका, चकराया
बोला, पति-पत्नी के झगड़े में,
ये साला डॉक्टर कहाँ से टपक आया।

 

मैंने कहा, अब इन छुट-पुट झगड़ों में
तुम जा

Moonchh Page 1

मूँछ

पृष्ठ 1/4

मूँछ
समृद्धि की द्योतक है, साहब आप की मूँछ
उतनी ही यह प्रतिभाशाली, जितनी स्वान की पूँछ
इस बात में ज़रा न शक है,
कि शक्ल आप की बनी इसी से रोचक है।

हल्का सा मुँह ऊपर

Abhootpoorv Kavi Page 1

अभूतपूर्व कवि

पृष्ठ 1/7

जब मेरी कविता कहने की बारी आई,

काफी लोग घर जा चुके थे।

जो कुर्सियों पर अटके थे, सुस्ता चुके थे।

 

नींद मुझे भी थी आई,

मैंने ली एक जम्हाई, और कहा,

मेरे जागते और

Waiter Miyaan

वेटर मियाँ

शादी के कुछ दिन बाद हिम्मत कर
मैंने कहा अपनी पत्नी से –
आज फिर हो जाए कुछ खाना…
वो लजाई, थोड़ा मुस्कुराई, फिर बोली –
“फिल्मी कि ग़ैर-फिल्मी?”

उत्तर से मैं चौंका,
फिर भी शॉक को दबाए